Sir Chhoturam Blog

जाट कौम में गोत्र विवाद 0

जाट कौम में गोत्र विवाद – जायज या नाजायज?

जाट कौम में गोत्र विवाद – जायज या नाजायज? भारत वर्ष की विशेष पहचान सांस्कृतिक विभिन्नता से है । देश के विभिन्न क्षेत्रों में विभिन्न समाज हैं जिनकी सामाजिक परम्परायें और संस्कृतियों में पूर्ण...

जाटों का ज़मीन पर जीवंत बिखरा पड़ा इतिहास 0

जाटों का ज़मीन पर जीवंत बिखरा पड़ा इतिहास

जाटों का ज़मीन पर जीवंत बिखरा पड़ा इतिहास इतिहास पर शोध चलते रहते हैं और खोजी शिक्षार्थी पी. एच. डी. करते रहते हैं। पुरातत्त्व विभाग लाखों व करोड़ों रुपये खर्च करके जमीन की चीरफाड़...

जाटों के साथ पक्षपात के कुछ उदाहरण 3

जाटों के साथ पक्षपात के कुछ उदाहरण

जाटों के साथ पक्षपात के कुछ उदाहरण अंग्रेजी सरकार ने सन 1856 में सेना में बहादुरी का सर्वोच्च पुरस्कार विक्टोरिया क्रास आरंभ किया जो सन 1947 तक 1346 वीर सैनिकों को दिये गये जिसमें...

जाटों की रियासतें 1

सन् 1947 तक जाटों की रियासतें

सन् 1947 तक जाटों की रियासतें 15 अगस्त 1947 तक जाटों की निम्नलिखित रियासतें थीं – हिन्दू जाट रियासतें भरतपुर, धौलपुर, मुरसान, सहारनपुर, कुचेसर, उचागांव, पिसावा, मुरादाबाद, गोहद और जारखी। बल्लभगढ़ व टप्पा राया...

मल्लयुद्ध 2

मल्लयुद्ध (कुश्ती) जाटों का अपना खेल

मल्लयुद्ध (कुश्ती) जाटों का अपना खेल जाट तो जाट है लड़ाई हो या खेल, जंग-ए-मैदान में दुश्मन को पछाड़ा तो प्रतिद्वंद्वी की बनाई रेल।।’ कुश्ती का जन्म भारत में प्राचीन हरयाणा क्षेत्र में हुआ,...